भीषण गर्मीभीषण गर्मी

देश इस समय भीषण गर्मी की मार झेल रहा है। उत्तर भारत से लेकर पश्चिम और मध्य भारत तक तापमान लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है। हालात इतने गंभीर हो गए हैं कि दुनिया के 100 सबसे गर्म शहरों की सूची में सभी शहर भारत के दर्ज किए गए हैं। AQI.in की लाइव ग्लोबल टेम्परेचर रैंकिंग के अनुसार, इस समय पृथ्वी पर सबसे ज्यादा गर्मी भारत में पड़ रही है।

भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात समेत कई राज्यों में हीटवेव और सीवियर हीटवेव का अलर्ट जारी किया है। कई इलाकों में तापमान 45 से 48 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच चुका है। दिन के साथ-साथ रात में भी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल रही है।

दुनिया के 100 सबसे गर्म शहर भारत में

AQI.in की लाइव ग्लोबल टेम्परेचर रैंकिंग के अनुसार, दुनिया के 100 सबसे गर्म शहरों में इस समय सभी शहर भारत के हैं। यह स्थिति देश में बढ़ती गर्मी और जलवायु परिवर्तन के प्रभाव को स्पष्ट रूप से दर्शाती है।

रैंकिंग के मुताबिक, शीर्ष 17 शहरों में तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया। वहीं शीर्ष 32 शहरों में पारा 46 डिग्री तक पहुंचा। इसके अलावा 45 शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया। सूची में 100वें स्थान तक के शहरों में भी तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के करीब बना हुआ है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इतनी बड़ी संख्या में भारतीय शहरों का इस सूची में शामिल होना बेहद चिंताजनक संकेत है।

उत्तर प्रदेश सबसे ज्यादा प्रभावित

देश में सबसे अधिक गर्मी उत्तर प्रदेश में दर्ज की जा रही है। दुनिया के शीर्ष 17 सबसे गर्म शहरों में से 15 शहर उत्तर प्रदेश के हैं। इनमें बांदा, औरैया, इटावा, मैनपुरी, फतेहपुर, प्रयागराज, बदायूं, संभल, एटा, बिजनौर, अमरोहा, मिर्जापुर और अलीगढ़ प्रमुख रूप से शामिल हैं।

इसके अलावा ओडिशा का राउरकेला और छत्तीसगढ़ का बिलासपुर भी 47 डिग्री तापमान के साथ सूची में शामिल हैं। लगातार बढ़ते तापमान ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

बांदा बना देश का सबसे गर्म शहर

भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार को उत्तर प्रदेश के बांदा में अधिकतम तापमान 48.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह देश में सबसे अधिक तापमान रहा। वहीं राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के रिज क्षेत्र में तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।

दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान और महाराष्ट्र के कई हिस्सों में दिन और रात दोनों समय तेज गर्म हवाएं चल रही हैं। कई क्षेत्रों में सड़कें दोपहर के समय लगभग खाली दिखाई दे रही हैं, क्योंकि लोग घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं।

मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

IMD ने कई राज्यों में हीटवेव और सीवियर हीटवेव की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक तापमान में बड़ी गिरावट की संभावना नहीं है।

विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में शुष्क हवाओं और तेज धूप के कारण गर्मी लगातार बढ़ रही है। कई क्षेत्रों में रात का तापमान भी सामान्य से अधिक बना हुआ है, जिससे लोगों को आराम नहीं मिल पा रहा है।

सर्वे में 80 प्रतिशत लोगों ने कहा- गर्मी असहनीय

भीषण गर्मी का असर लोगों की दिनचर्या और स्वास्थ्य पर साफ दिखाई दे रहा है। Local Circles द्वारा 20 हजार लोगों पर किए गए एक सर्वे में 80 प्रतिशत लोगों ने कहा कि इस बार की गर्मी सामान्य से कहीं अधिक है।

सर्वे के अनुसार, 26 प्रतिशत लोगों ने गर्मी को “बेहद गंभीर” बताया। वहीं 53 प्रतिशत लोगों का कहना था कि स्थिति गंभीर है, लेकिन अभी संभाली जा सकती है।

हर 10 में से 8 शहरी निवासी गर्मी से परेशान हैं। वहीं हर 5 में से 1 व्यक्ति ने कहा कि अत्यधिक गर्मी ने उनकी रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित किया है।

लोगों की दिनचर्या में बदलाव

गर्मी बढ़ने के साथ लोगों की दिनचर्या में भी बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। सर्वे के अनुसार अधिकांश लोग सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बच रहे हैं।

करीब 80 प्रतिशत लोग सामान्य से अधिक पानी पी रहे हैं। वहीं 40 प्रतिशत लोगों ने एयर कंडीशनर और कूलर का उपयोग बढ़ा दिया है। बड़ी संख्या में लोग ORS, नींबू पानी, छाछ और अन्य ठंडे पेय का सेवन कर रहे हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि गर्मी से बचाव के लिए शरीर में पानी की कमी नहीं होने देना बेहद जरूरी है।

बिजली की मांग में रिकॉर्ड बढ़ोतरी

भीषण गर्मी के कारण देश में बिजली की मांग भी तेजी से बढ़ी है। रिपोर्ट के अनुसार, बिजली की खपत बढ़कर 257 गीगावॉट तक पहुंच गई है। एयर कंडीशनर, कूलर और पंखों के बढ़ते उपयोग के कारण बिजली पर दबाव लगातार बढ़ रहा है।

ऊर्जा विशेषज्ञों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक तापमान इसी स्तर पर बना रहा तो बिजली की मांग और अधिक बढ़ सकती है।

हीटस्ट्रोक और डिहाइड्रेशन का खतरा

डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण हीटस्ट्रोक, डिहाइड्रेशन, थकावट, ब्लड प्रेशर और हृदय संबंधी समस्याओं का खतरा बढ़ गया है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, हल्के और सूती कपड़े पहनने तथा दोपहर के समय धूप में बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों का विशेष ध्यान रखने की भी अपील की गई है।

डॉक्टरों का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति को चक्कर आना, अत्यधिक पसीना, कमजोरी या सांस लेने में परेशानी हो तो तुरंत चिकित्सकीय सहायता लेनी चाहिए।

जलवायु परिवर्तन बना बड़ी चुनौती

विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ती गर्मी और लगातार रिकॉर्ड तापमान जलवायु परिवर्तन का संकेत है। पिछले कुछ वर्षों में भारत में हीटवेव की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं।

पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, शहरीकरण, पेड़ों की कटाई और बढ़ते प्रदूषण के कारण तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है। आने वाले वर्षों में इस चुनौती से निपटने के लिए दीर्घकालिक योजनाओं की आवश्यकता होगी।

अगले कुछ दिन रहेंगे चुनौतीपूर्ण

मौसम विभाग ने फिलहाल अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना नहीं जताई है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। देश के कई राज्यों में प्रशासन ने भी लोगों से दोपहर के समय घरों में रहने और जरूरत पड़ने पर ही बाहर निकलने की अपील की है।

यह भी जरूर पढ़े :

“नारी सेतु भारत पहल” का शुभारंभ, विकसित भारत @2047 के विजन को मिलेगा नया बल

Discover more from The BG Times

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading